पशु क्षतिपूर्ति योजना: मुख्य विवरण
यदि आपके पशुओं की मृत्यु प्राकृतिक आपदा या किसी बीमारी के कारण होती है, तो सरकार द्वारा आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। इसका पूरा चार्ट नीचे दिया गया है:
मुआवजा तालिका (Compensation Table)
| पशु का प्रकार | प्रति पशु मुआवजा | अधिकतम सीमा (एक परिवार के लिए) |
| दुधारू बड़े पशु (गाय/भैंस/ऊंट) | ₹37,500/- | अधिकतम 3 पशु |
| दुधारू छोटे पशु (भेड़/बकरी) | ₹4,000/- | अधिकतम 30 पशु |
| माल ढोने वाले बड़े पशु (घोड़ा/बैल/ऊंट) | ₹32,000/- | अधिकतम 3 पशु |
| बिना दूध वाले छोटे पशु (बछड़ा/गधा/पड़िया) | ₹20,000/- | अधिकतम 3 पशु |
| पोल्ट्री/बत्तख (वयस्क) | ₹100/- | अधिकतम 100 पक्षी (सीमा ₹10,000/-) |
पात्रता (कौन आवेदन कर सकता है?)
सहायता प्राप्त करने के लिए निम्नलिखित शर्तें पूरी होनी चाहिए:
- आवेदक एक पंजीकृत पशुपालक या ब्रीडर होना चाहिए।
- मृत्यु का कारण: बाढ़, सूखा, भूकंप या चक्रवात जैसी प्राकृतिक आपदा।
- बीमारी/अन्य: एंथ्रेक्स, बर्ड फ्लू जैसी बीमारियाँ, या फिर ज़हर (फूड पॉइजनिंग), सांप का काटना और केमिकल पॉइजनिंग।
आवेदन की प्रक्रिया (Step-by-Step)
यह प्रक्रिया पूरी तरह ऑफलाइन है:
- अपने नजदीकी पशु चिकित्सा औषधालय (Veterinary Dispensary) पर जाएँ।
- वहां के पशु चिकित्सा अधिकारी (Veterinary Officer) से मिलें।
- अधिकारी के निर्देशानुसार आवेदन पत्र भरें और आवश्यक दस्तावेज संलग्न करें।
आवश्यक दस्तावेज
आवेदन करते समय इन कागजातों को साथ रखें:
- पहचान पत्र: आधार कार्ड या कोई अन्य सरकारी पहचान पत्र।
- बैंक विवरण: DBT (सीधे खाते में पैसे भेजने) के लिए बैंक पासबुक की फोटोकॉपी।
- अन्य दस्तावेज: पशु चिकित्सा अधिकारी द्वारा मांगे गए अन्य कोई विशेष प्रमाण पत्र।
नोट: पशु की मृत्यु होने पर तुरंत अपने क्षेत्र के डॉक्टर को सूचित करें ताकि समय पर पंचनामा और कागजी कार्रवाई पूरी हो सके।