(Scheduled Tribe) क्षेत्रों में सिंचाई सुविधाओं के लिये


🌾 अनुसूचित जनजाति सिंचाई सहायता योजना: एक नज़र में आपकी आवश्यकता के अनुसार, मैंने इस जानकारी को एक यूनिक तालिका (Table) और स्पष्ट बिंदुओं के माध्यम से हिंदी में व्यवस्थित किया है।

यह योजना विशेष रूप से आदिवासी बहुल क्षेत्रों में पातालतोड़ कुओं (Artesian Wells) और सामूहिक सिंचाई परियोजनाओं के माध्यम से कृषि को बढ़ावा देने के लिए डिज़ाइन की गई है।

📋 योजना का विवरण और लाभ

श्रेणीविवरण
मुख्य लाभकिसानों को मुफ्त सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
तकनीकी विशेषताविशेष रूप से उन क्षेत्रों में ‘पातालतोड़ कुएं’ (Artesian Wells) बनाना जहाँ ST वर्ग की अधिकता है।
परियोजना का स्वरूपयह व्यक्तिगत के बजाय सामूहिक सिंचाई परियोजनाओं पर केंद्रित है।
लागत सीमाप्रति हेक्टेयर अधिकतम व्यय ₹4.00 लाख और लाभ-लागत अनुपात (B/C Ratio) 1.0 से अधिक होना अनिवार्य है।

✅ पात्रता मानदंड (Eligibility)

योजना का लाभ लेने के लिए निम्नलिखित शर्तों को पूरा करना आवश्यक है:

  • व्यवसाय: लाभार्थी का अनिवार्य रूप से खेती से जुड़ा किसान होना आवश्यक है।
  • क्षेत्र: गाँव का नाम समाज कल्याण विभाग द्वारा जारी ‘अनुसूचित जनजाति बहुल गाँवों’ की सूची में होना चाहिए।
  • भौगोलिक स्थिति: साइट पातालतोड़ कुओं के निर्माण के लिए तकनीकी रूप से उपयुक्त होनी चाहिए।
  • सिंचाई क्षेत्र: परियोजना के पास पर्याप्त सिंचित क्षेत्र उपलब्ध होना चाहिए ताकि निवेश सार्थक हो।

📝 आवेदन प्रक्रिया (Offline Process)

आवेदन की प्रक्रिया पूरी तरह प्रशासनिक और तकनीकी जांच पर आधारित है:

  1. DPR की तैयारी: सबसे पहले विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार की जाती है।
  2. तकनीकी जांच: विभागीय TAC (Technical Advisory Committee) द्वारा प्रस्ताव का परीक्षण किया जाता है।
  3. मुख्यालय प्रेषण: जांच के बाद रिपोर्ट को मुख्यालय भेजा जाता है, जहाँ से इसे सरकारी मंजूरी के लिए अग्रसारित किया जाता है।
  4. वित्तीय स्वीकृति: सरकार से बजट और वित्तीय मंजूरी मिलते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाता है।

📂 आवश्यक दस्तावेज (Documents Required)

हालाँकि आपने सूची नहीं दी थी, लेकिन इस तरह की योजनाओं के लिए सामान्यतः निम्नलिखित दस्तावेजों की आवश्यकता होती है:

  • पहचान प्रमाण: आधार कार्ड / मतदाता पहचान पत्र।
  • जाति प्रमाण पत्र: सक्षम अधिकारी द्वारा जारी अनुसूचित जनजाति (ST) प्रमाण पत्र।
  • भूमि दस्तावेज: खसरा, खतौनी और भूमि का नक्शा।
  • सामूहिक सहमति पत्र: चूंकि यह सामूहिक परियोजना है, अतः सहभागी किसानों का सहमति पत्र।
  • बैंक विवरण: बैंक पासबुक की फोटोकॉपी।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *