यहाँ इस योजना की पूरी जानकारी एक आकर्षक और आसान टेबल के रूप में दी गई है:
1. योजना का संक्षिप्त विवरण -कॉफी बोर्ड के माध्यम से भारत सरकार उत्तर-पूर्वी क्षेत्र के कॉफी उत्पादकों के लिए एक शानदार योजना चला रही है। इसका मुख्य उद्देश्य आपकी कॉफी की गुणवत्ता बढ़ाना और आपको बेहतर बाजार भाव दिलाना है।
विशेषता
विवरण
मुख्य योजना
एकीकृत कॉफी विकास परियोजना (MTF अवधि)
उप-घटक
गुणवत्ता उन्नयन और प्रमाणन (बेबी पल्पर की आपूर्ति)
संचालन संस्था
कॉफी बोर्ड, वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय, भारत सरकार
मुख्य लक्ष्य
गुणवत्ता सुधार के लिए बुनियादी ढांचा तैयार करना और बेहतर मुनाफा दिलाना
2. मिलने वाले लाभ और सब्सिडी
विवरण
सीमा / राशि
इकाई लागत (Unit Cost)
वास्तविक लागत या ₹16,000, जो भी कम हो
सब्सिडी की दर
कुल लागत का 75%
किसान का योगदान
कुल लागत का 25%
3. पात्रता और जरूरी शर्तें
क्षेत्र: यह योजना विशेष रूप से उत्तर-पूर्वी भारत के राज्यों के लिए है।
सीमा: एक आवेदक केवल एक यूनिट (बेबी पल्पर) के लिए पात्र है।
दस्तावेज: आपके पास भूमि रिकॉर्ड या कब्ज़ा प्रमाण पत्र (Village/State Authority द्वारा प्रमाणित) होना चाहिए।
स्वामित्व: भूमि रिकॉर्ड अनिवार्य रूप से लाभार्थी के नाम पर होना चाहिए।
4. आवेदन प्रक्रिया (स्टेप-बाय-स्टेप)
इस योजना का लाभ उठाने के लिए आपको ऑफलाइन प्रक्रिया का पालन करना होगा:
चरण
गतिविधि
विवरण
स्टेप 1
पहचान और आवेदन
क्षेत्र विस्तार अधिकारी (Extension Officer) लाभार्थी की पहचान करेंगे और आपसे 25% अंशदान के साथ आवेदन लेंगे।
स्टेप 2
दस्तावेजीकरण
अधिकारी आपके भूमि रिकॉर्ड और आवेदन को सत्यापित करेंगे।
स्टेप 3
चयन प्रक्रिया
क्षेत्रीय उप-निदेशक आवेदनों को संकलित कर संयुक्त निदेशक (गुवाहाटी) को भेजेंगे।
स्टेप 4
निविदा (Tendering)
संयुक्त निदेशक द्वारा मशीनों की खरीद के लिए आधिकारिक टेंडर प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
स्टेप 5
आदेश और आपूर्ति
वित्तीय मंजूरी के बाद निर्माता को ऑर्डर दिया जाएगा। निर्माता द्वारा अक्टूबर तक मशीनों की आपूर्ति सुनिश्चित की जाती है।
स्टेप 6
सत्यापन और भुगतान
मशीन मिलने के बाद अधिकारी आपके खेत पर जाकर निरीक्षण करेंगे, जिसके बाद ही सप्लायर को भुगतान जारी होगा।
💡 मुख्य गतिविधियां जो इस योजना का हिस्सा हैं:
बेबी पल्पर की आपूर्ति: कॉफी के दानों को प्रोसेस करने के लिए।
सीमेंट सुखाने वाले यार्ड (Drying Yards): कॉफी को सही तरीके से सुखाने के लिए निर्माण।
इको-सर्टिफिकेशन: आपकी कॉफी को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप प्रमाणित करना।